All Party Meeting: संसद का शीतकालीन सत्र कल से, विपक्ष ने EWS कोटा, महंगाई समेत कई मुद्दों पर चर्चा की मांग की

थर्ड आई न्यूज

नई दिल्ली। संसद का शीतकालीन सत्र 7 दिसंबर यानी कल से शुरू हो रहा है। संसद सत्र शुरू होने से पहले केंद्र सरकार ने आज सर्वदलीय बैठक बुलाई। इस बैठक में सभी पार्टी के नेताओं ने शिरकत की। इस दौरान सर्वदलीय बैठक में विपक्षी दलों ने महंगाई, बेरोजगारी और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) कोटे सहित अन्य मुद्दों पर चर्चा की मांग की।

बैठक में मौजूद रहे कई पार्टियों के नेता :
दरअसल, विधायी एजेंडे और 7 दिसंबर से शुरू होने वाले संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान संभावित मुद्दों पर चर्चा के लिए केंद्र सरकार की तरफ से बुलाई गई बैठक में सभी प्रमुख दलों के नेताओं ने भाग लिया। इस बैठक में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी, टीएमसी सांसद डेरेक ओ ब्रायन समेत कई नेता मौजूद रहे।

क्या बोले संसदीय कार्य मंत्री :
सर्वदलीय बैठक के बाद संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा कि आज हुई सर्वदलीय बैठक में 47 में से 31 पार्टियों ने हिस्सा लिया। हम हर मुद्दे पर चर्चा करने के लिए तैयार हैं, विपक्ष की ओर से कुछ सुझाव आए हैं। स्पीकर और चेयरमैन की अनुमति के बाद चर्चा होगी। मैं इस आरोप की निंदा करता हूं कि हम क्रिसमस की उपेक्षा कर रहे हैं, 24 और 25 दिसंबर को अवकाश रहेगा।

विपक्ष ने की सरकार से ये मांग :
सरकार का प्रतिनिधित्व केंद्रीय मंत्री और लोकसभा में बीजेपी के उप नेता राजनाथ सिंह और राज्यसभा में सदन के नेता पीयूष गोयल ने किया। इस दौरान संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी भी मौजूद रहे। बैठक के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने चुनाव आयुक्त की नियुक्ति सिर्फ एक दिन में करने, ईडब्ल्यूएस कोटा और बेरोजगारी पर चर्चा की मांग की। अधीर रंजन चौधरी ने ‘क्रिसमस’ की उपेक्षा का मुद्दा उठाया।

सर्वदलीय बैठक के बाद कांग्रेस सांसद अधीर रंजन चौधरी ने बयान दिया। उन्होंने कहा हमने सरकार को कहा है कि जैसे हिंदू, मुस्लिम के त्योहार होते हैं, वैसे ईसाई लोगों का भी त्योहार होता है। यह बात ईसाई लोगों के त्योहार के समय ध्यान रखनी जरूरी है। उनकी जनसंख्या कम है लेकिन यह बात हमें सोचनी चाहिए। हम सत्र को छोटा, बंद कर त्योहार मनाने के लिए नहीं कह रहे, बल्कि सरकार को इसके बारे में सोचने के लिए कह रहे। सरकार 24-25 विषयों पर चर्चा कराना चाहती है, जिसके लिए समय नहीं, क्योंकि यह सत्र 17 दिन का है।

29 दिसंबर तक चलेगा संसद सत्र :
सूत्रों के मुताबिक, टीएमसी नेता डेरेक ओ ब्रायन ने महंगाई, बेरोजगारी, एजेंसियों के कथित दुरुपयोग और राज्यों की आर्थिक समस्याओं पर चर्चा की मांग की। टीएमसी नेता ने सरकार से ये भी कहा कि विपक्ष को अहम मुद्दे उठाने की इजाजत दी जानी चाहिए। बता दें कि संसद का शीतकालीन सत्र 29 दिसंबर तक चलेगा, जिसमें 23 दिनों में 17 बैठकें होंगी।

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